तिर्वा (कन्नौज), 24 सितंबर 2026
राष्ट्र की जय चेतना का गान वंदे मातरम्, राष्ट्रभक्ति प्रेरणा का गान वंदे मातरम्… के पावन उद्घोष के साथ राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) तिर्वा नगर के तत्वावधान में संघ शताब्दी वर्ष के अवसर पर ‘युवा संवाद’ कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। राजकीय डॉ. भीमराव रामजी आंबेडकर मेडिकल कॉलेज, तिर्वा के प्रेक्षागार में आयोजित इस कार्यक्रम में सैकड़ों युवाओं ने सहभागिता की।

कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य वर्तमान परिदृश्य में युवा शक्ति को केवल व्यक्तिगत स्वांतः सुखाय तक सीमित न रखकर उन्हें राष्ट्र, समाज और भारतीय संस्कृति के उत्थान हेतु चिंतनशील बनाना रहा।
युवाओं को बनना होगा विचारक एवं चिंतक: मनोज जी
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता मनोज जी (क्षेत्र सम्पर्क प्रमुख, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ पूर्वी उत्तर प्रदेश) ने वर्तमान भारत में युवाओं की भूमिका पर विस्तृत प्रकाश डाला। उन्होंने युवाओं द्वारा पूछे गए विभिन्न प्रश्नों के उत्तर देते हुए कहा:
“आज भारत के युवाओं को केवल कैरियर-केंद्रित जीवन से आगे बढ़कर विचारक एवं चिन्तक बनने की आवश्यकता है। हम भारत के युवा हैं और विश्व पटल पर हमारी विशिष्ट पहचान व योगदान है। स्वनिर्माण के माध्यम से ही हम नए भारत के निर्माण और विश्व कल्याण में अपनी महती भूमिका निभा सकते हैं।”
मुख्य वक्ता ने ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ की सनातन सूक्ति को रेखांकित करते हुए स्पष्ट किया कि भारत की सनातन संस्कृति सदैव विश्व बंधुत्व की पक्षधर रही है और इसमें आज के युवा की सकारात्मक ऊर्जा का सबसे बड़ा योगदान है।
सदाचार और कर्मठता से ही संभव है देश निर्माण: डॉ. पुष्पेंद्र सिंह चाहर जी
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे राजकीय मेडिकल कॉलेज तिर्वा के प्राचार्य डॉ. पुष्पेंद्र सिंह चाहर जी ने अपने आशीर्वचन में कहा कि युवा देश का भविष्य हैं। वर्तमान समय में युवा शक्ति को सदाचारी, कर्मठ और अनुशासित बनकर देश के निर्माण में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करनी चाहिए।

कार्यक्रम में उपस्थित प्रमुख संघ पदाधिकारी
युवा संवाद कार्यक्रम में संघ के वरिष्ठ पदाधिकारियों और प्रबुद्धजनों की गरिमामयी उपस्थिति रही, जिनमें प्रमुख रूप से शामिल थे:
- राहुल जी (विभाग प्रचारक, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ फर्रुखाबाद)
- धनंजय जी (जिला प्रचारक, कन्नौज)
- विजयपाल जी (नगर संघचालक, तिर्वा नगर)
- अनिल जी (नगर कार्यवाह, तिर्वा नगर)
- विष्णु जी (सह नगर कार्यवाह)
- वीरेश जी, अभिनव जी, रवि जी एवं क्षेत्र के सैकड़ों युवा छात्र व प्रबुद्ध नागरिक।
